तू है हमारा और हम तेरे
तेरे पà¥à¤¯à¤¾à¤° में तेरे दà¥à¤µà¤¾à¤° पे डाल दिये हमने डेरे
तू है हमारा और हम तेरे
तेरे चमन का रग अनौखा है
दूसरे बागों में धोखा ही धोखा है
मà¥à¤°à¤à¤¾à¤ फ़िर खिले रहे चाहे कितना à¤à¥€ हमें ग़म घेरे
तू है हमारा और हम तेरे
किसकी मज़ाल तेरे दर से उठाà¤à¤—ा
किसमें है ताकत हमें कौन बहकाà¤à¤—ा
दिलसे निकली यही दà¥à¤† तू कà¤à¥€ न हमसे मà¥à¤¹à¤‚ फेरे
तू है हमारा और हम तेरे
तेरा रसà¥à¤¤à¤¾ चमकता मिलेगा
कोई à¤à¥€ राही न थकता मिलेगा
हर पग पर मिट जाà¤à¤‚गे मन की शंका के अंधेरे
तू है हमारा और हम तेरे
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